EV चार्जिंग स्टेशन पर मंडरा रहा साइबर हमले का खतरा, इलेक्ट्रिक वाहनों की बढ़ती मांग बन सकती है मुसीबत

The 420 Team
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आज के दौर में इलेक्ट्रिक वाहनों (electric vehicles) की मांग काफी रही है। जिस प्रकार एक Diesel/Petrol वाली कार को समय-समय पर फ्यूल की जरूरत होती है, उसी तरह इलेक्ट्रिक कारों को भी चार्ज करने के लिए एक चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर (charging infrastructure) की आवश्यकता होती है। एक आंकड़े के अनुसार, इलेक्ट्रिक वाहनों की वैश्विक बिक्री में करीब 60 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। इन 7 पैसेंजर कारों में एक EV शामिल होता है।

चार्जिंग स्टेशन की हो रही है हैकिंग?

बता दें कि जैसे-जैसे इलेक्ट्रिक वाहनों की मांग बढ़ रही है, वैसे-वैसे साइबर हमलों में भी वृद्धि हो रही है। साइबर सुरक्षा कंपनी चेक प्वाइंट रिसर्च (Checkpoint Research) की एक रिपोर्ट के मुताबिक, लगातार EVs की बढ़ती मांग के चलते लोगों को सुरक्षा से जुड़ी कई चुनौतियां का सामना करना पड़ सकता है। धीरे-धीरे उद्योग भी तेजी से अपने पैर पसार रहे हैं। नए ईवी चार्जिंग स्टेशन (EV Charging Stations) को सड़क के कोनों पर और पार्किंग स्थल पर खोला जा रहा है। ऐसे में साइबर हमलावरों से नए आउटलेट्स को बचाना काफी मुश्किल होने वाला है। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि भारतीय कंप्यूटर इमरजेंसी रिस्पांस टीम (CERT-In) को इलेक्ट्रिक वाहन चार्जिंग स्टेशनों से जुड़े हुए उत्पादों में कुछ कमियों की जानकारी मिली है।

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ऐसे काम करते हैं हैकर?

साइबर हैकर बड़ी ही आसानी से ईवी चार्जिंग स्टेशन की कमजोरियों को ढूंढकर उसका फायदा उठा सकते हैं। यही कारण है कि शोधकर्ताओं ने पहले ही इससे जुड़ी सभी कमजोरियों के बारे में पता लगा लिया है।

जानकारी के मुताबिक, हैकर इलेक्ट्रिसिटी में उतार-चढ़ाव का एक बड़ा कारण बन सकते हैं। रिपोर्ट में यह साफ कहा गया है कि ईवी चार्जिंग नेटवर्क की मांगों को ये हमले अचानक बदल सकते हैं। इसलिए हैकर्स से यह खतरा है कि कहीं वे चार्जिंग स्टेशन को हैक कर  वहां का कंट्रोल अपने हाथ में न ले लें।

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EV Charger के हैक होने का डर?

रिपोर्ट के अनुसार, रेस-टू-मार्केट ने कनेक्टेड डिवाइसों के मामले में उन साइबर सुरक्षा उपायों (cyber security measures) का ट्रांसलेशन किया है जो ‘बोल्ट ऑन’ (Bolt On) थे, लेकिन ‘बिल्ट इन’ (Built In) नहीं थे। साफ तौर पर कहें तो, इलेक्ट्रिक वाहन चार्जर का साइबर सुरक्षा (Cyber Security) पहलू मात्र एक विचार था क्योंकि ईवी चार्जर्स पहले से ही अन्य बुनियादी ढांचे के साथ पूरी तरह से जुड़े हुए हैं।

अमेरिका की राष्ट्रीय मानक और प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईएसटी) की मानें तो, “इलेक्ट्रॉनिक्स द्वारा इलेक्ट्रिक वाहन आपूर्ति उपकरण (EVSE) को चार्ज करना और संचार की सुविधा (communication facility) दोनों ही समर्थित है, यही कारण है कि ईवीएसई को साइबर सुरक्षा की कमजोरियों और हमलों के लिए अतिसंवेदनशील माना दा रहा है।”

 

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